Jan 31

याद किया दिल ने कहाँ हो तुम…

Posted by Amar Singh in General

मेरे कल कल के गाजीपुर दौरे में नए अन्जान मित्रों की भारी भीड़, पुराने जाने-माने चेहरों की अनुपस्थिति, साउंड बाईट, साथ में जया बच्चन जी और भोजपुरी गायक मनोज तिवारी जी थे. आजकल काफी तनाव में रहता हूँ. किडनी प्रत्यारोपण के बाद निर्धारित ब्लड टेस्ट की प्रतिक्षा आशंकित तनाव दे रही है कि कहीं फिर से पुरानी हालत में न जा पहुंचू. एकाएक उन पुराने साथियों की याद आयी जो साथ जीने-मरने की कसम खाते थे, अब गायब है. फिर …

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Jan 28

मेरा जन्म दिन

Posted by Amar Singh in General

कल २७ जनुअरी को मेरा ५४वां जन्म दिन था. मेरा यह जन्म दिन और जन्मदिनों से बिल्कुल अलग था. आम क्रोधित कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ और स्वर्गीय जनेश्वर जी के म्रत्युशोक के कारण जन्मदिन न मनाने की औपचारिक घोषणा के बावजूद मीडिया और समाज के विभिन्न क्षेत्रों के लोगों के हुजूम ने मेरे मन को उदास नहीं होने दिया. मुलायम सिंह जी ने बधाई दी, अच्छा लगा. दूसरा तोहफा पार्टी के प्रवक्ता की मांग का इस रूप में आना …

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Jan 26

जिल्लेइलाही मेरे खिलाफ, मुंसिफ मेरे खिलाफ, गवाह मेरे खिलाफ

Posted by Amar Singh in General

बनारस और गोरखपुर पिछले दो दिनों में बड़ा ही अनूठा रहा . बनारस में अति पिछड़ों का सम्मलेन, कुशवाहा भाइयों के साथ रात्रि भोज और प्रातः बाबा विश्वनाथ की विधिवत पूजा के बाद सड़क के रास्ते बनारस-गोरखपुर यात्रा अदभुत रही. कल तक मुझको छूने की होड़ में धक्का-मुक्की करने वाले समाजवादी पार्टी के छोटे-बड़े नेताओं की भीड़ गुम थी. नवजवानों की नयी टोलियाँ, बूढों की तरसती आंखे और कौतुहल से मेरी ओर देखती माएं और बहनों के स्नेहसिक्त परिवार के …

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Jan 25

मिस्टर खान, माई नेम इज अमर सिंह

Posted by Amar Singh in General

 
मीडिया में अक्सर मेरे और शाहरुख खान के संबंधो को लेकर उत्सुकता बनी रहती है. शाहरुख़ ने “डान-2″ और “के.बी.सी-२” दोनों में काम किया और इस नाते स्वाभाविक तौर पर उनकी और मेरे बड़े भाई अमिताभ बच्चन की तुलना मीडिया करती रहती है. मजे की बात है, जिस समय अमित जी और शाहरुख “भूतनाथ” में एक साथ काम कर रहे थे, मीडिया ने मुझे अमित जी का सेनानी बना कर शाहरुख से लड़वा दिया. “जी टी.वी. के दुबई के एक …

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Jan 22

छोटे लोहिया नहीं रहे…

Posted by Amar Singh in Amar Singh Anecdotes

आज दोपहर में एकांत में बैठा था, खबर आयी जनेश्वर जी नहीं रहे. मेरे साथ सांसद श्री आर. के. पटेल जी, श्रीमती जया प्रदा जी, पूर्व सांसद श्री अखिलेश सिंह जी और विधायक श्री मदन चौहान जी भी बैठे हुए थे. खबर सुन कर मेरा मन अकुलाहट से छटपटा गया और मुझे उनके साथ की गयी अंतिम मुलाक़ात याद आ गयी. जब उन्होंने कहा था, समाजवादी बनो और गरीब/अतिपिछड़ों के पास जाओ. मैने यह बात आर.के पटेल जी को बताई तो वह …

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Jan 20

इस्तीफे के बाद मेरी पहली यू.पी. यात्रा

Posted by Amar Singh in Amar Singh Opinion, Personal

इस वक़्त मै वाराणसी से वापस दिल्ली के रास्ते हवाई जहाज़ में हूँ, इस्तीफे के बाद मेरी जन्म और कर्म भूमि उत्तर प्रदेश की यह पहली यात्रा थी. इस वक़्त मेरे साथ कोई फिल्म स्टार नहीं बल्कि मेरे सहयोगियों में एक भूमिहार भाई, एक निषाद भाई, एक कुर्मी भाई और मेरे अनुज अरविन्द सिंह है. हवाई अड्डे पर निर्दलीय विधायक श्री अजय राय जी आये थे. मैने पूंछा भाई मेरी पार्टी से क्यूँ नाराज हो? वह कहने लगे, भाई साहब आपकी पार्टी के नेताओ ने लोकसभा चुनावो में खुल कर मुख्तार अंसारी का साथ दिया, उनसे पैसे लिए और खुलेआम कहा कि अजय राय तो अमर सिंह …

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Jan 20

ज्योति दा को अंतिम श्रद्धांजली

Posted by Amar Singh in General

आज मै सुबह कोलकोता पहुंचा. ज्योति बाबू कट्टर वामपंथी थे लेकिन उनके व्यक्तित्व की सहजता और सुगमता कुछ ऐसी थी कि विरोधी भी या तो उनका सम्मान करते थे या उनसे अनुराग रखते थे. विरोधी लोकशाही में दो धुरियों में एक धुरी की भांति होते है, ऐसा उनका मानना था. उनके जाने के साथ भारतीय राजनीति के एक युग का अंत हो गया. एक पत्रकार ने कोलकोता में मुझसे पूंछा, क्या ज्योति बाबू का कोई विकल्प है? मैने उनसे पूछा, क्या महान नायक उत्तम कुमार या महान पार्श्व गायक हेमंत कुमार का कोई विकल्प है? कुछ लोग कालजयी होते है और ज्योति बाबू भी एक कालजयी नेता थे.
हिंदी में ब्लॉग इसलिए लिख रहा हूँ ताकि मेरे नेता मुलायम सिंह खुद पढ़ …

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Jan 17

ज्योति बाबू: एक विलक्षण प्रतिभा

Posted by Amar Singh in General

भारत एक प्रजातान्त्रिक देश है जिसमे सभी तरह की राजनैतिक विचारधाराओ को फलने-फूलने के समान अवसर मिलते है. हमारे देश जैसा इन्द्रधनुसीय राजनैतिक पटल शायद ही दुनिया के किसी और देश का होगा. एक ओर केंद्र में सत्ताधारी दल कांग्रेस और मुख्य विपक्षी दल भाजपा लगभग एक दर्ज़न राज्यों में सत्ता में काबिज है दूसरी तरफ वाम पंथी दल 3 राज्यों और बाकी राज्यों में शक्तिशाली क्षेत्रीय दल सत्ता में है. कभी ”सेकुलरिस्म” और “कम्युनलिस्म” के नाम पर बंटी हमारी राष्ट्रिय राजनीति में वामपंथी दलों ने वर्षो से अपनी एक अलग पहचान बना कर रखी है. वैसे तो वामपंथी दल वर्षो से सक्रिय रहे है परन्तु अलग अलग पंथो में बटे रहने …

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Jan 16

Cosmic Miracle: once in 1000 years

Posted by Amar Singh in General

Dear readers, I apologies to all of you for my emotional out burst in last few posts and also for being political because I am not here as a politician but just as another human being. Last few days have been very tiring due to the campaignfor Farhan, enormous number of calls from well wishers and pressure from media. I am thankful to all mighty God who has given me strength to deal with all this even in this depleted physical condition.
Yesterday …

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Jan 14

मेरे एक शुभचिंतक के पत्र का जवाब

Posted by Amar Singh in Amar Singh Anecdotes, General

प्रिय गाजी जी,
मुम्बई पहुंचते  ही मैने आपका लिखा पत्र ब्लॉग में देखा, यकीन नहीं होता कि यह सच होगा. पता लगाने पर पुष्टि हुई कि कम से कम यह तो सच है कि रामगोपाल जी के दोनों बयानों (दिल्ली और सैफई वाले) के समय आदरणीय नेता जी दिल्ली और सैफई दोनों जगह मौजूद थे और पुराने समाजवादियों से दिल्ली में उनकी बैठक की भी पुष्टि हुई है. फिर भी संदेह के आधार पर क्या कहूँ? आज़म, नेता जी के दिल की पुरानी …

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