पिछले हफ्ते राजीव जी का जन्म दिन था. मेरी उनसे कुल एक मुलाक़ात थी. भाई गुलाम नबी आजाद के घर पर वह कई बार समाजवादी दल के प्रमुख से मिलते-जुलते थे और आखरी मुलाक़ात में साथ का वादा करके समाजवादी पार्टी ने सीधे प्रातःकाल राज भवन जा कर उत्तर प्रदेश की सरकार निरस्त करवा दी. ऐसा क्या था कि सपा सुप्रीमो से ले कर स्वर्गीय वी.पी सिंह तक कई निराशाएं राजीव जी के हाँथ लगी. असल में मेरे आंकलन में …