Jun 26

गुजरा हुआ ज़माना आता नहीं दोबारा हाफ़िज़ खुदा तुम्हारा

Posted by Amar Singh in General

आज बहुत दिनों बाद ब्लॉग लिख रहा हूँ. पिछले कुछ दिनों से अपने डाक्टरों की सलाह पर विश्राम के लिये विदेश में हूँ. साथ में सिर्फ मेरी पुत्रियाँ दृष्टि और दिशा और पत्नी पंकजा है. बिना अपने मित्रों के शुद्ध परिवार के साथ यह मेरी प्रथम विदेश यात्रा है. इस यात्रा का पहला लाभ तो यह हुआ कि मैने अपनी ही बेटियों को अच्छी तरह पहली बार नजदीक से जाना और पहचाना. दृष्टि मेरी तरह जिद्दी और संवेदनशील और दिशा …

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Jun 19

सार्वजनिक जीवन की नैतिकता

Posted by Amar Singh in General

आज अंगरेजी के एक अखबार में मेरा मंतव्य आया कि यदि मै स्वयं राज्यसभा सदस्य बना हुआ हूँ तो जया बच्चन जी का पुनः राज्यसभा में जाना मुझे बुरा क्यूँ लगा? जया जी कतई राजनीति में नहीं थी और वह राज्यसभा में मेरे द्वारा लाई गई थी. पिछले १४ वर्षों से मैने पार्टी के लिए उतना काम-काज किया जितना किसी भी बड़े या छोटे नेता ने नहीं किया होगा. मैने अमित जी को स्पष्ट कहा था कि आप जयाजी की …

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Jun 11

एंडरसन के पलायन का जिम्मेदार कौन?

Posted by Amar Singh in General

“यूनियन कारबाइड” विभीषिका पर काफी टिप्पणी चल रही है. घटना मध्य प्रदेश की है. पुलिस केस भी वहीं का है. भोपाल के तत्कालीन जिलाधीश श्री मोती सिंह और तत्कालीन नागरिक उड्डयन विभाग के प्रभारी श्री आर.सी. सोंधी का बयान भी तत्कालीन मुख्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह जी की तरफ उंगली उठा रहा है. ऐसे में अमरीकी दबाव पर तब की केंद्र सरकार पर आरोप लगाना, अटकलों के बाजार को सरेआम गर्मी देने की तरह है. इस अमानवीय दुर्घटना के लिए …

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Jun 9

अरे! वह फिर बोला

Posted by Amar Singh in General

मेरे ब्लॉगर साथियों मैने कहा था कि अपनी पुरानी पार्टी का नाम नहीं लूँगा. उत्तर प्रदेश बड़ा प्रदेश है और यहाँ की राजनीति और दल देश को प्रभावित करते है. आज बात व्यक्ति की नहीं मुद्दे की हो रही है. अपने साथियों को मेरी पुरानी पार्टी के नए प्रवक्ता बेशरम, कमीना, नुमायशी चीज कहें तो यह समाजी सवाल नहीं है, एक व्यक्ति द्वारा दूसरे व्यक्ति को दी गई गाली मात्र है. परन्तु डोमरियागंज के नतीजे के बाद इन महोदय का …

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Jun 7

मेरा सुन्दर सपना टूट गया

Posted by Amar Singh in General

२०१२ के उत्तर प्रदेश में होने वाले चुनावों के पहले का आखिरी उपचुनाव डुमरियागंज में संपन्न हुआ जिसके झकझोर देने वाले निर्णय ने सभी तथाकथित बड़े दलों के सपनों को धूलधूसरित कर दिया है. २००७ के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी को ३१६५३ (२५%) मत, बहुजन समाज पार्टी को ३२६२६ (२५.७%) मत मिले और बसपा ने सपा से मात्र ९७३ मतों से आगे रह कर चुनाव जीता. २००७ के इसी चुनाव में २८८३६ (२२.७%) मत प्राप्त कर भाजपा तीसरे स्थान …

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Jun 7

स्थानीय नेतृत्व की महत्ता

Posted by Amar Singh in General

बंगाल निकाय चुनावो में कुमारी ममता बनर्जी की भारी जीत ने एक बार फिर बताया है कि स्थानीय नेतृत्व कितना महत्वपूर्ण होता है. ममता सत्तर के दशक में श्री सिद्धार्थशंकर राय मंत्रिमंडल के पूर्व मंत्री श्री सुब्रत मुखर्जी के साथ राजनीति में सक्रिय थी. श्री सोमनाथ चटर्जी के विरुद्ध कोई उम्मीदवार न मिलने पर उन्हें अंतिम समय में लड़ाया गया और वह विजयी हुई थी. इस चुनाव में बड़े-बड़े धुरंधरों को अपेक्षाकृत छोटे कदों के लोगों ने हराया था. …

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Jun 2

गिलहरी

Posted by Amar Singh in General

आज मै बहुत दिनों के बाद सिंगापुर के अपने होटल के कमरे के बाहर के लान में बैठ कर सिंगापूर के सौन्दर्य को निहार रहा था, तभी मुझे तीन चार गिलहरियाँ दिखाई दी सबका रंग अलग-अलग था क्योंकि सभी आस-पास तो थी परन्तु अलग-अलग रंगों के परिवेश में भ्रमणशील थी. पता नहीं इन बहनों को बहुरंगी रंगों में रंगा देख कर मुझे उत्तर प्रदेश राज्य सभा चुनाव के प्रत्याशी मोहन याद आ गए. मोहन पुराने समाजवादी है जो पुराने समाजवादी …

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May 31

जो जीता वही सिकंदर

Posted by Amar Singh in General

राजनीति का खेल अभूतपूर्व कभी मै भूतपूर्व तो कभी तुम भूतपूर्व. आज समाचार पत्रों में बंगाल पौर निगम के चुनाव के ‘एक्सिट पोल’ का विवरण देखने को मिला. वामपंथियों और तृणमूल कांग्रेस में कांटे की लड़ाई और कांग्रेस का लगभग सफाया. परम्परागत रूप से टाटा-बिरला विरोधी कामरेड टाटापंथी बन गए और अंत में उन्हें टाटा करके टाटा नरेन्द्र मोदी के अनुगामी बन गए. कृषकों, श्रमिकों, युवाओं और छात्रों को मैदान की राजनीति कराने वाले कामरेडों की ब्रांड राजनीति सिंगूर में …

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May 30

आखरी गीत मोहब्बत का सुना लूं तो चलूँ

Posted by Amar Singh in General

मै आज अपने ब्लॉगर साथियों को बताना चाहता हूँ कि अंतिम बार मै अब अपनी पुरानी पार्टी के बारे में लिख रहा हूँ. आज मै एक रहस्योदघाटन कर रहा हूँ जो बहुत ही स्तब्ध करने वाला है. सबसे पहले मै उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री सुश्री मायावती से खेद व्यक्त करते हुए कहना चाहता हूँ कि बाबूपुरवा थाने में जिस झूठी शिकायत पर मुझ पर पांच सौ करोड़ के घोटाले का झूठा आरोप लगाया गया उस के मूल में बहुजन …

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May 28

दर की दर की ठोकरों इतना मुझे बता दो मेरा कुसूर क्या है?

Posted by Amar Singh in General

कल के टाइम्स आफ इंडिया के प्रथम पृष्ठ के सर्व भारतीय संस्करणों में आदरणीया जया बच्चन जी की मेरे साथ एक भावुक अन्तरंग तस्वीर के नीचे शीर्षक था “पार्टी पहले” और खबरों में वर्णन था कि मुझ पर समाजवादी मित्र “भावनात्मक अत्याचार” कर रहे है. मैने बच्चन परिवार में सभी को अपना मनतन्य बताया था कि यदि जया जी “पार्टी पहले” के सिद्धांत के अनुरूप लड़ना ही चाहती है तो पूरे परिवार को और कम से कम …

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